जो कुछ भी सीखे हैं गुरु के होकर सीखे हैं !

योग या योगआसन में फरक

मन को शांत करना है

कृष्णा का समत्व-योग

समता का गुण

आध्यात्मिक उन्नति जीवन में जरुरी

आसक्ति का त्याग

संसार की सफलता भी असफलता

ब्रह्मज्ञानी के चरणों में जाओ

ज्ञान हमेशा सत्य

आत्मा का जन्म नहीं ना ही मृत्यु

TAG- संत आसाराम बापू, ब्रम्ह ज्ञानी, आत्म साक्षात्कार, योग, योगआसन, मन, कृष्णा, समता, आध्यात्मिक, आसक्ति, संसार, ज्ञान, आत्मा