“निंदा, अपमान, बदनामी की ऐसी तैसी” -प. पू. संत श्री आशारामजी बापू

 

प. पू. संत श्री आशारामजी बापू

निंदा, अपमान, बदनामी की ऐसी तैसी

 

“निंदा, अपमान, बदनामी की ऐसी तैसी” -प. पू. संत श्री आशारामजी बापू
संतो को क्या करना चाहिये और क्या नहीं करना चाहिये – हम पक्के गुरु के चेले है – झूठे मुक़द्दमे से किसी को भी छुड़ाने का अचूक उपाय – मै कोई छुईमुई का पौधा नहीं हूँ । हम है अपने आप सब परिस्थिति के बाप ।

About Asaram Bapuji

Asumal Sirumalani Harpalani, known as Asaram Bapu, Asharam Bapu, Bapuji, and Jogi by his followers, is a religious leader in India. Starting to come in the limelight in the early 1970s, he gradually established over 400 ashrams in India and abroad.