साधक की साधना कब पूर्ण होती है ?

 

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तीर्थ यात्रा से भव की शुद्धि

उपासना से मन शांत

ऋषि विश्वामित्र की एकग्राता

मन-बुद्धि से आत्मा की सत्ता का प्रतिपादन

अंतर करण के 3  दोष

नामदेव जी की कथा

आत्म ज्ञान की प्राप्ति

काली माता ने ली बाली

ब्राह्मी स्थिति प्राप्त कर , कार्य करें न शेष

जीवन परिवर्तनशील

राग-द्वेष से मुक्ति

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