Author Archives: Hari Om

सामूहिक संकल्प प्रार्थना ।

                     ॐ ॐ ॐ बापूजी जल्दी बहार आये।

सामूहिक संकल्प प्रार्थना में बहुत बल होता है। सभी आश्रमो में  संध्या के समय सामूहिक संकल्प प्रार्थना किया जा रहा है। देश विदेश के सभी साधक निश्चित समय पर सामूहिक प्रार्थना कर रहे है । क्योकि
          गुरु के प्यारे और प्रभु के

                          दुलारे झुठलाये नहीं जाते

                         कदम आगे

                                        रखे तो लोटाये नहीं जाते

 

गुरुवर का दर्शन

asharam bapu, jogire

Bapuji ke virah me

अति शीघ्र ऐसे दिन आए।
अति शीघ्र, ऐसे दिन आएं
जब गुरुवर का दर्शन ,पाएं
छलके मनवा आनंद उमंग से
जब सदगुरु को, सन्मुख पाएं ।
वरराजा बिन , जैसे बारात ,
हो चंद्र बिना अंधियारी रात,
सूना तरु बिन फुल फल पाँत,
गुरु दर्शन बिन , चित चैन न पाए।
जैसे प्राण बिन, निर्जीव हो तन
गुरुज्ञान बिना ,सूना चितवन
प्रभूप्रेम बिना , सूना मन मधुबन
गुरु बिन कौन करुणा बरसाए ?

जैसे नेत्रज्योति बिन सूने नयन
स्वास बिना , जैसे धडकन
मन वीणा बिन , जैसे गुंजन
गुरुदर्शन बिन ,नैना नीर बहाए ।
जैसे माली बिन मुर्झाया चमन
हो अस्त व्यस्त बिखरा गुलशन
नीरव आश्रम , उदास जन जन
गुरु बिन , दिलदीप ,कौन जगाए ?

सद्गुरु सुहृदय , रक्षक पितुमाता
दिनबंधु करुणामय दाता
जोडा जिसने हरि से नाता ,
गुरु बिन कौन अलख लखाए ?

 

जप करने के लिए योग्य समय ।

*🌹14 अप्रैल संक्रांति (पुण्यकाल : सूर्योदय से दोपहर 2-11 तक)*

🔷जप, ध्यान, संकल्प हेतु विशेष तिथि

🌹इस महा पुण्यशाली दिवस पर सभी साधक भाई-बहन *पूज्यश्री के स्वास्थ्य एवं शीघ्र रिहाई के लिए* अधिक से अधिक जप-ध्यान व प्रार्थना करें ।

अति आवश्यक जप साधना

*एक आवश्यक सूचना*

*पूज्य गुरुदेव के शीघ्र रिहाई हेतु सामूहिक मंत्रजाप का आयोजन अहमदाबाद आश्रम में किया गया है।इसका लाभ हम घर पे भी उठा सकते है। मंगलमय ऐप्प से लाइव चालू है और अब से हररोज 25 तारीख तक है।*
*समय*: *सुबह 7:00 से 7:30*
*शाम 7:45 से 8:30*
*सभी साधक इसका ज्यादा से ज्यादा प्रचार करें।*

बापुजी केस अपडेट लड़कीके वकील ने कोर्टमें माफ़ी मांगी

 सच को आँच नहीं और झूठ को पैर नहीं (पूज्य श्री संत आसाराम बापु जी पर आरोप लगानेवाली लड़कीके वकील ने कोर्टमें माफ़ी मांगी)

ALL CASE IS FAKE PROOVED

बापुजी  केस  अपडेट :

आसाराम बापु पर आरोप लगानेवाली लड़कीके वकील ने कोर्टमें माफ़ी मांगी/ALL CASE IS FAKE PROOVED

Jodhpur Sankirtan Yatra

पूज्य बापूजी के 82 वें अवतरण दिवस के उपलक्ष पर जोधपुर आश्रम द्वारा 5 April , शाम 5 बजे से भव्य संकीर्तन यात्रा का आयोजन किया गया है |

स्थान – जूना खेड़ापति हनुमान मन्दिर से शुरू होगी और 5 वी रोड, जालोरी गेट होते हुए गाँधी मैदान पर पूर्णाहुति होगी |

सम्पर्क – 0291-2766660, 8561882495

सभी को सूचित करें एवं अधिक से अधिक संख्या में पहुँचकर इस दैवी सेवाकार्य में सहभागी हों |

मंगलवारी चतुर्थी

*🌹3 अप्रैल अंगारकी- मंगलवारी चतुर्थी (शाम 4-44 से 4 अप्रैल सूर्योदय तक)*

*🌹मंगलवारी चतुर्थी यह सूर्यग्रहण के बराबर पुण्यदायी है ।*

*🌹इसमें किया गया स्नान, दान व श्राद्ध अक्षय होता है ।*

*🌹इस महापुण्यशाली दिवस पर सभी साधक भाई-बहन पूज्य बापूजी के स्वास्थ्य एवं शीघ्र रिहाई के लिए अधिक से अधिक जप-ध्यान व प्रार्थना करें ।*

🖥

हरी ओम प्रभु

श्री कृष्णजी का स्वधाम-गमन (हाय संसार तेरी नश्वरता – हाय मनुष्य तेरी आसक्ति)
🔹तात्विक सत्संग संत श्री आसारामजी बापू ।

🔹सत्संग के मुख्य अंश:

🔹हाय संसार तेरी नश्वरता – हाय मनुष्य तेरी आसक्ति हाय संसार तेरी पीड़ा देने की आदत हाय इंसान तरी भोगों में रुचि

🔹क्या बीती होगी उस योद्धा पर जो केशव कदम कदम पर मार्गदर्शन करते थे अब वे ही नही रहे ।

🔹हाय रे संसार तेरा पीड़ा देना का स्वभाव श्री कृष्ण जी को बी नही छोड़ा ।

🔹 कब तक शरीर को मकानों को संभालोगे आप अभी से संभालो जिसको संभालना है ।

🔹चलते फिरते उठते बैठते उसका स्मरण ओर एकांत में उसकी शांती में खोना सीखो ।

🔹हमारा बी जी चाहता है ऐसी जगह जाए जहां कोई पहचाने नही अब देखे कैसा करते है भगवान ज्ञात हो अज्ञातवास हो जैसे उसकी मर्जी ।

🔹कब तक लाइन लगाओगे कब तक प्रसाद लोगे दोगे छोड़ो ये सब प्रवुर्ति को घटाते जाओ ।

विकारों पर नियंत्रण कैसे पाये

pyare sadguruji

Sant Asharamji Bapu

विकारों पर नियंत्रण हेतु
(पूज्य बापूजी)
अपने में जो कमजोरी है, जो भी दोष हैं उस कमजोरी को, उन दोषों को निम्न मंत्र द्वारा स्वाहा कर दो । दोषों को याद करके मंत्र के द्वारा मन-ही-मन उसकी आहुति दे डालो, स्वाहा कर दो ।
मंत्र – ॐ अहं तं जुहोमि स्वाहा । ‘तं’ की जगह पर विकार या दोष का नाम लें ।
जैसे – ॐ अहं वृथावाणीं जुहोमि स्वाहा ।
ॐ अहं कामविकारं जुहोमि स्वाहा ।
ॐ अहं चिन्तादोषं जुहोमि स्वाहा ।
जो विकार तुम्हें आकर्षित करता है उसका नाम लेकर मन में ऐसी भावना करो कि ‘मैं अमुक विकार को भगवद्-कृपा में स्वाहा कर रहा हूँ ।’ इस प्रकार अपने दोषों को नष्ट करने के लिए मानसिक यज्ञ अथवा वस्तुजन्य (यज्ञ-सामग्री से) यज्ञ करो । इससे थोड़े ही समय में अंतःकरण पवित्र होने लगेगा, चरित्र निर्मल होगा, बुध्दि फूल जैसी हलकी व निर्मल हो जायेगी, निर्णय ऊँचे होंगे । थोड़े-से इस श्रम से ही बहुत लाभ होगा । आपका मन निर्दोषता में प्रवेश पायेगा और ध्यान-भजन में बरकत आयेगी ।